Edited By Kuldeep, Updated: 09 Jul, 2026 09:34 PM

हिमाचल में मौसम विभाग के यैलो अलर्ट के बीच वीरवार को व्यापक वर्षा हुई, जिससे सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।
शिमला (संतोष): हिमाचल में मौसम विभाग के यैलो अलर्ट के बीच वीरवार को व्यापक वर्षा हुई, जिससे सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। किन्नौर जिले में आई बाढ़ और सिरमौर के कालाअंब में भारी जलभराव ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं, वहीं चंडीगढ़-शिमला नैशनल हाईवे पर भूस्खलन के कारण बड़े पत्थर गिरने की खबर है। मौसम विभाग ने आगामी 15 जुलाई तक प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
लिप्पा गांव का संपर्क टूटा, 13 परिवार सुरक्षित स्थानों पर भेजे गए
किन्नौर जिले की लिप्पा पंचायत के पेजर नाले में वीरवार सुबह अचानक आई भीषण बाढ़ से तेती खड्ड का बहाव रुक गया। बाढ़ के मलबे के कारण लिप्पा गांव को जोड़ने वाला करीब 100 फुट लंबा लोहे का पुल पूरी तरह पानी में डूब गया है और असुरक्षित हो गया है, जिससे गांव का संपर्क बाकी दुनिया से कट गया है। कल्पा उपमंडल की कामरू पंचायत के कुप्पा क्षेत्र में पहाड़ियों से चट्टानें गिरने के कारण कई घरों को नुक्सान पहुंचा है। एहतियात के तौर पर प्रशासन ने 13 परिवारों को जीरा फार्म में सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट कर दिया है।
शिमला-चंडीगढ़ एनएच-05 पर कुमारहट्टी के पास भारी बारिश के बाद पहाड़ी से बड़े-बड़े पत्थर सड़कों पर आ गिरे, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। उधर, लाहौल के जाहलमा नाले में आई बाढ़ के बीच हिमाचल प्रदेश पुलिस और बीआरओ ने एक संयुक्त और साहसिक रैस्क्यू ऑप्रेशन चलाया। उन्होंने गंभीर रूप से बीमार एक महिला को पोकलेन मशीन की मदद से उफनते नाले के पार सुरक्षित निकालकर अस्पताल पहुंचाया।
केरल के वायनाड लैंडस्लाइड में हिमाचल के साइट इंजीनियर की मौत, 3 दिन बाद मिला शव
केरल के वायनाड जिले में एक निर्माणाधीन ट्विन-टनल परियोजना में हुए भीषण भूस्खलन हादसे से हिमाचल में भी शोक की लहर है। हादसे में जान गंवाने वाले मंडी जिले के रिवालसर निवासी साइट इंजीनियर राहुल शर्मा का शव 3 दिन बाद मलबे से बरामद कर लिया गया है। वीरवार को पोस्टमार्टम करवाने के बाद उनके पार्थिव शरीर को सड़क मार्ग से हिमाचल के लिए रवाना कर दिया गया है, जिसके शुक्रवार तक पैतृक गांव पहुंचने की संभावना है।
कहां कितनी हुई बारिश
वीरवार को राज्य के अधिकांश हिस्सों में तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे मौसम ठंडा हो गया। राज्य में सबसे अधिक 89.6 मिलीमीटर बारिश नाहन में हुई। सोलन में 45, कुफरी में 17.5, राजधानी शिमला में 17.2, नारकंडा में 16 और धर्मशाला में 13 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई है।
मौसम विभाग के अनुसार 10 जुलाई को कांगड़ा, मंडी, शिमला, सोलन और सिरमौर में भारी बारिश की संभावना है। 11 जुलाई को चम्बा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सोलन और सिरमौर जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। 12 जुलाई को कांगड़ा, मंडी और सिरमौर में भारी तथा शिमला-सोलन में मध्यम से भारी बारिश होगी। 13 जुलाई को कुल्लू, मंडी, शिमला, सोलन और सिरमौर जिलों में भारी बारिश का दौर जारी रहेगा।