Edited By Vijay, Updated: 07 Jul, 2026 02:10 PM

विशेष न्यायाधीश अनुजा सूद की अदालत ने अपनी ही नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म करने के आरोपी पिता को पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत दोषी करार देते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई।
चम्बा (काकू): विशेष न्यायाधीश अनुजा सूद की अदालत ने अपनी ही नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म करने के आरोपी पिता को पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत दोषी करार देते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। इसके अलावा 10,000 रुपए का जुर्माना भी किया है। जुर्माना अदा न करने की सूरत में उसे 2 महीने की अतिरिक्त साधारण कैद भुगतनी होगी।
चम्बा के संयुक्त अभियोजन निदेशक दिग्विजय सिंह राणा ने बताया कि 27 मार्च 2023 की रात को जब पीड़िता अपने कमरे में सो रही थी। उसी दौरान शराब के नशे में धुत्त उसका पिता कमरे के भीतर दाखिल हुआ और उसने बेटी के साथ जबरन अश्लील हरकतें व दुष्कर्म किया। पीड़िता के विरोध करने पर आरोपी ने उसका मुंह दबा दिया और कुछ देर बाद वहां से चला गया। अगली सुबह जब पीड़िता ने इस घटना की जानकारी अपनी सौतेली मां को दी तो उसने गैर-जिम्मेदाराना रवैया अपनाते हुए कहा कि आरोपी को शराब पीने के बाद ऐसी हरकतें करने की आदत है।
इसके बाद 28 मार्च, 2023 को पीड़िता अपनी माैसी के घर जा रही थी तब रास्ते में उसे एक महिला मिली। पीड़िता ने आपबीती उन्हें सुनाई, जिसके बाद महिला उसे अपने घर ले गई और 30 मार्च, 2023 को महिला ने इस घटना की जानकारी स्थानीय आंगनबाड़ी कार्यकर्त्ता को दी। अगले दिन 31 मार्च 2023 को पुलिस, आंगनबाड़ी कार्यकर्त्ता और एक अन्य व्यक्ति के साथ पीड़िता के घर पहुंची, जहां पुलिस ने महिला के बयान दर्ज कर जांच शुरू की।
अदालत में अभियोजन पक्ष ने दोषी के खिलाफ अपना मामला साबित करने के लिए कुल 19 गवाहों को पेश किया। मुकद्दमे की पूरी सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी को दोषी पाते हुए यह सख्त सजा सुनाई है। इस मामले की पैरवी लोक अभियोजक चम्बा सोहम कौशल द्वारा की गई है।
हिमाचल प्रदेश से जुड़ी खबरें पढ़ने के लिए हमारे WhatsApp group को Join करें