Edited By Vijay, Updated: 27 May, 2026 05:22 PM

मिनी सरकार माने जाने वाले पंचायत चुनावों में लोग निश्चित रूप से चेहरा और व्यक्तित्व भी देखते हैं। कई ऐसे लोग हैं जो आज भी जनमत में अपनी साख बनाए हुए हैं और लोगों के स्नेह के बलबूते चुनाव दर चुनाव जीत रहे हैं। इन्हीं में से एक हैं ऊना जिले की ग्राम...
ऊना (सुरेन्द्र): मिनी सरकार माने जाने वाले पंचायत चुनावों में लोग निश्चित रूप से चेहरा और व्यक्तित्व भी देखते हैं। कई ऐसे लोग हैं जो आज भी जनमत में अपनी साख बनाए हुए हैं और लोगों के स्नेह के बलबूते चुनाव दर चुनाव जीत रहे हैं। इन्हीं में से एक हैं ऊना जिले की ग्राम पंचायत धुसाड़ा के 76 वर्षीय सतीश शर्मा। यूं तो वह एक सफल उद्यमी और समाजसेवी हैं, लेकिन उनकी जनता के बीच इतनी पकड़ है कि वह आज तक कोई चुनाव नहीं हारे हैं। करीब 40 वर्षों से अधिक समय से वह नाबाद पारी खेल रहे हैं। इस आयु में भी उनका जज्बा गजब का है। धुसाड़ा से चुनाव लड़ रहे सतीश शर्मा मंगलवार को फिर से प्रधान पद पर चुने गए हैं।
सतीश शर्मा इससे पहले वह 8 चुनावों का सामना कर चुके हैं और सभी में जीत चुके हैं। 2 बार वह धुसाड़ा ग्राम पंचायत के प्रधान पद पर चुने जा चुके हैं। इसी प्रकार 5 चुनावों में उन्होंने पंचायत समिति के सदस्य का चुनाव लड़ा और सभी चुनाव जीते। पिछली बार वह चिंतपूर्णी क्षेत्र के ठठल वार्ड से जिला परिषद के सदस्य के तौर पर विजयी हुए थे। सतीश शर्मा ब्लाक समिति अम्ब के काफी समय तक चेयरमैन भी रह चुके हैं। इस आयु में भी वह युवाओं जैसा जोश रखते हैं और लगातार लोगों के बीच बने रहते हैं जिसकी वजह से वह हर बार चुनाव में विजयी घोषित होते हैं।
अपनी लगातार जीत पर सतीश शर्मा कहते हैं कि यह लोगों का स्नेह है कि वह चुनावी समर से बाहर नहीं हो पाते। हर बार लोग उन्हें चुनाव लड़ाने के लिए आग्रह करते हैं और वह जनता के स्नेह के चलते पंचायती राज प्रणाली के जरिए लोगों की सेवा कर रहे हैं।
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