Edited By Vijay, Updated: 25 Aug, 2026 06:36 PM

शिमला-मटौर नैशनल हाईवे-103 पर मंगलवार शाम हुए एक सड़क हादसे ने गौवंश तस्करी के एक बड़े खेल का पर्दाफाश कर दिया।
भराड़ी/बिलासपुर (राकेश): शिमला-मटौर नैशनल हाईवे-103 पर मंगलवार शाम हुए एक सड़क हादसे ने गौवंश तस्करी के एक बड़े खेल का पर्दाफाश कर दिया। दधोल स्कूल के पास एक तेज रफ्तार ट्रक ने कार को जोरदार टक्कर मार दी। जब हादसे के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और ट्रक की तलाशी ली तो उसमें क्रूरतापूर्वक ठूंसे गए 9 गौवंश बरामद हुए। हादसे का फायदा उठाकर ट्रक में सवार दो तस्कर मौके से फरार हो गए। पुलिस को ट्रक से फर्जी नंबर प्लेट भी मिली है।
जानकारी के अनुसार कार चालक राज कुमार मंगलवार शाम घुमारवीं से डंगार की तरफ जा रहे थे। दधोल स्कूल के पास हमीरपुर की तरफ से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी कार को टक्कर मार दी। हादसे में कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और राज कुमार को गंभीर चोटें आईं। हादसे के तुरंत बाद ट्रक में सवार दोनों व्यक्ति फरार हो गए। सूचना मिलते ही भराड़ी पुलिस मौके पर पहुंची। जब पुलिस ने ट्रक की तलाशी ली तो अंदर 9 गौवंश बेहद क्रूर हालत में बंधे हुए मिले। जांच में पता चला कि ट्रक पर जो नंबर प्लेट लगी थी वह जाली थी, जबकि असली नंबर प्लेट ट्रक के कैबिन के अंदर छिपाकर रखी गई थी।
घटना की सूचना मिलते ही समाजसेवी और गौरक्षक सुनील भी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने इस घटना पर गहरी चिंता जताते हुए कहा कि फर्जी नंबर प्लेट लगाकर गौवंश की तस्करी करना एक गंभीर आपराधिक साजिश है। उन्होंने अंदेशा जताया कि इतनी बड़ी संख्या में गौवंश को सड़क से नहीं पकड़ा जा सकता, हो सकता है कि इन्हें किसी गौसदन से लाया जा रहा हो। सुनील ने प्रशासन से ऐसे गौसदनों की जांच कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल, भराड़ी पुलिस ने गौवंश को सुरक्षित स्थान पर भेजकर ट्रक को कब्जे में ले लिया है और फरार आरोपियों की तलाश सरगर्मी से शुरू कर दी है।
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