Edited By Kuldeep, Updated: 13 Jul, 2026 06:27 PM

मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू के कामकाज से जनता के साथ-साथ उनके अपने मंत्री और विधायक भी हताश हैं, क्योंकि न तो वह उपमुख्यमंत्री की सुनते हैं और न ही मंत्रिमंडल के सहयोगियों की।
मंडी (रजनीश): मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू के कामकाज से जनता के साथ-साथ उनके अपने मंत्री और विधायक भी हताश हैं, क्योंकि न तो वह उपमुख्यमंत्री की सुनते हैं और न ही मंत्रिमंडल के सहयोगियों की। ये बातें पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने विपाशा सदन मंडी में सोमवार को आयोजित द्रंग विधानसभा क्षेत्र के नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों एवं कार्यकर्त्ताओं को संबोधित करते हुए कहीं। उन्होंने शिक्षा मंत्री को द्रंग के देऊरी स्कूल में उद्घाटन करने से रोके जाने की घटना को चुने हुए जनप्रतिनिधि का अपमान बताते हुए कहा कि अपनी कुर्सी बचाने और हाईकमान को खुश करने के लिए मुख्यमंत्री मंत्रियों का अपमान करने से भी गुरेज नहीं कर रहे हैं, और ऐसी जलालत झेलने से अच्छा तो मंत्रियों को इस्तीफा दे देना चाहिए था।
बहुमत से डरे हैं मुख्यमंत्री
जयराम ने कहा कि जनता ने पंचायत चुनावों के माध्यम से कांग्रेस सरकार के खिलाफ जनादेश दिया है, जिसका 4 साल का कार्यकाल पूरा होने के साथ ही अब उतराई का समय शुरू हो चुका है। आपदा एक्ट की आड़ लेकर चुनाव टालने और जीतने के बाद भी डेढ़ महीने तक शपथ न दिलाने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री बहुमत से डरे हुए हैं और जनादेश को प्रभावित करने के लिए धनबल व सत्ता का डर दिखाकर जीते हुए प्रतिनिधियों को खरीदने का असफल प्रयास कर रहे हैं, जिससे उनमें हताशा है।
सरकार सिर्फ नादौन में कर रही काम
जयराम ने कहा कि भाजपा 3 नगर निगम बनाने में कामयाब रही, जबकि कांग्रेस केवल पालमपुर जीत सकी। उन्होंने आरोप लगाया कि इस कार्यकाल में मंडी, कांगड़ा और हमीरपुर की पूरी तरह अनदेखी कर काम ठप्प किए गए हैं और सरकार सिर्फ नादौन में काम कर रही है। यहां मुख्यमंत्री खुद जिला परिषद की 4 में से मात्र 1 सीट जीत पाए और भाजपा ने 3 सीटें जीतीं।