Edited By Vijay, Updated: 04 Jul, 2026 01:22 PM

हिमाचल प्रदेश की बेटियां अपने हुनर और कड़ी मेहनत से लगातार सफलता के नए मुकाम हासिल कर रही हैं। इसी कड़ी में उपमंडल घुमारवीं के गांव कोटला की रहने वाली अपेक्षा शर्मा ने भारतीय वायुसेना में नर्सिंग ऑफिसर बनकर पूरे प्रदेश और अपने क्षेत्र का नाम रोशन...
घुमारवीं (केशव): हिमाचल प्रदेश की बेटियां अपने हुनर और कड़ी मेहनत से लगातार सफलता के नए मुकाम हासिल कर रही हैं। इसी कड़ी में उपमंडल घुमारवीं के गांव कोटला की रहने वाली अपेक्षा शर्मा ने भारतीय वायुसेना में नर्सिंग ऑफिसर बनकर पूरे प्रदेश और अपने क्षेत्र का नाम रोशन किया है। उन्होंने कठिन मानी जाने वाली सीआरई प्रतियोगी परीक्षा को सफलतापूर्वक पास कर यह प्रतिष्ठित पद हासिल किया है। वर्तमान में वायुसेना की ओर से उन्हें केंद्रीय सचिवालय नई दिल्ली में तैनाती दी गई है।
शाहतलाई से हासिल की प्रारंभिक शिक्षा
अपेक्षा शर्मा का शैक्षणिक सफर बेहद उत्कृष्ट रहा है। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा शाहतलाई से हासिल की। इसके बाद ऊना जिले के डीएवी पब्लिक स्कूल मैहतपुर से 12वीं की पढ़ाई पूरी की। चिकित्सा के क्षेत्र में करियर बनाने के लक्ष्य के साथ उन्होंने आईजीएमसी शिमला से बीएससी नर्सिंग की डिग्री हासिल की। इसके बाद उन्होंने अपनी उच्च शिक्षा जारी रखी और वर्ष 2024 में पंजाब विश्वविद्यालय चंडीगढ़ से मास्टर ऑफ पब्लिक हैल्थ की डिग्री भी सफलतापूर्वक पूरी की।
पंजाब सरकार की नौकरी छोड़ चुनी भारतीय वायुसेना
एमपीएच की डिग्री हासिल करने के बाद अपेक्षा ने चंडीगढ़ स्थित होमी भाभा कैंसर अस्पताल की नर्सिंग कोचिंग अकादमी में बतौर ट्रेनर युवाओं को प्रशिक्षण भी दिया। वर्ष 2024 उनकी मेहनत का सबसे बड़ा फल लेकर आया। उन्होंने एक साथ दो बड़ी परीक्षाएं पास कीं। सीआरई परीक्षा के साथ-साथ उन्होंने बाबा फरीद मेडिकल विश्वविद्यालय पंजाब द्वारा आयोजित स्टाफ नर्स भर्ती परीक्षा भी क्रैक कर ली। इस सफलता पर उन्हें पंजाब सरकार के अधीन सिविल अस्पताल मोगा में स्टाफ नर्स के पद पर नियुक्ति मिल गई थी, लेकिन देश सेवा का जज्बा लिए अपेक्षा ने इस पद को छोड़कर भारतीय वायुसेना में नर्सिंग ऑफिसर बनना स्वीकार किया।
माता-पिता दोनों हैं शिक्षक, दादा से मिली अनुशासित रहने की प्रेरणा
अपेक्षा को शिक्षा और अनुशासन का माहौल विरासत में मिला है। उनके पिता धर्मपाल शर्मा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय कोठी (घुमारवीं) में राजनीति शास्त्र के प्रवक्ता हैं, जबकि उनकी माता अनीता शर्मा डीएवी स्कूल, मैहतपुर में 12वीं कक्षा तक के छात्रों को गणित विषय पढ़ाती हैं। वहीं, उनके दादा रामदास शर्मा पीईटी के पद से सेवानिवृत्त हैं, जिनसे उन्हें हमेशा आगे बढ़ने और अनुशासित रहने की प्रेरणा मिली। अपेक्षा की इस सफलता से घुमारवीं क्षेत्र में खुशी की लहर है। स्थानीय लोगों, रिश्तेदारों और क्षेत्रवासियों ने अपेक्षा और उनके परिवार को बधाइयां दी हैं और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
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