Edited By Kuldeep, Updated: 21 Jul, 2026 05:53 PM

जिला कुल्लू में पीलिया ने बच्चों व युवाओं को अपनी चपेट में ले लिया है। क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू सहित अन्य अस्पतालों में ऐसे मामले आ रहे हैं।
कुल्लू (दिलीप): जिला कुल्लू में पीलिया ने बच्चों व युवाओं को अपनी चपेट में ले लिया है। क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू सहित अन्य अस्पतालों में ऐसे मामले आ रहे हैं। अप्पर मौहल (कुल्लू) में दूषित पानी की आपूर्ति का वीडियो सोशल प्लेटफाॅर्म पर वायरल होने के बाद जल शक्ति विभाग की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लग गए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो जल शक्ति विभाग की बड़ी लापरवाही को उजागर कर रहा है।
मुख्य पेयजल पाइपलाइनों में भारी रिसाव (लीकेज) और सीवरेज मिक्सिंग होने के कारण घरों तक प्रदूषित पानी पहुंच रहा है। दूषित पानी पीने की वजह से बच्चे और स्थानीय लोग पीलिया की चपेट में आ रहे हैं। इस स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन ने तुरंत कुछ कड़े कदम उठाए। क्षेत्रीय अस्पताल में मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए दूषित पेयजल के लिए जांच के लिए जल शक्ति विभाग को निर्देश दिए गए हैं।
चीफ मैडीकल ऑफिसर डॉ. कुल्लू रंजीत ठाकुर के निर्देशों के अनुसार हैल्थ एजुकेटर निर्मला महंत ने कुल्लू के कई इलाकों गांधीनगर, शीशामाटी, अखाड़ा बाजार और ढालपुर में लोगों को पीलिया, इसके लक्षणों, बचाव और समय पर इलाज के बारे में जागरूक किया।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. रंजीत ठाकुर का कहना है कि दूषित जल पीने से लोग बीमार हो रहे हैं। इस तरह मामले प्रतिदिन आ रहे हैं। लोग पानी उबालकर व छानकर पीएं। बाल्टी में पानी भरने के बाद कुछ देर के लिए रहने दें। जब कचरा नीचे बैठ जाए तो ऊपर के पानी को छानें व उबालें। उसके बाद इसे पीने के लिए इस्तेमाल करें। दूषित जल पीने से तबीयत खराब हो तो तुरंत अस्पताल आएं।