Edited By Kuldeep, Updated: 24 Jun, 2026 07:01 PM

प्रदेश में निर्मित दवाओं के सैंपल फेल होने पर अब तक कोताही बरतने वालों के विरुद्ध कार्रवाई को लेकर शांता कुमार ने प्रश्न उठाया है। उन्होंने कहा कि सैंपल फेल होने पर कार्रवाई की बात तो की जाती है, परंतु जिन कंपनियों के सैंपल पहले फेल हो चुके हैं उन...
पालमपुर (भृगु): प्रदेश में निर्मित दवाओं के सैंपल फेल होने पर अब तक कोताही बरतने वालों के विरुद्ध कार्रवाई को लेकर शांता कुमार ने प्रश्न उठाया है। उन्होंने कहा कि सैंपल फेल होने पर कार्रवाई की बात तो की जाती है, परंतु जिन कंपनियों के सैंपल पहले फेल हो चुके हैं उन पर क्या कार्रवाई हुई यह स्पष्ट नहीं है। पूर्व मुख्यमंत्री एवं पूर्व केन्द्रीय मंत्री शांता कुमार ने कहा कि हिमाचल प्रदेश दवाई उद्योग में प्रमुख भूमिका निभा रहा है। उन्होंने हिमाचल सरकार से विशेष आग्रह किया है कि इस पर पूरी जांच करके उचित कार्रवाई की जाए।
शांता कुमार ने कहा कि हिमाचल के दवा नियंत्रक डा. मुनीष कपूर ने कहा है कि जिन कम्पनियों के सैंपल फेल हुए उनके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। पिछले 5 महीनों में हिमाचल की 264 दवाइयों के सैंपल फेल हुए। उन्होंने नियंत्रक से पूछा है कि पिछले वर्ष में जो सैंकड़ों दवाइयों के सैंपल फेल हुए थे उन कम्पनियों के विरुद्ध क्या कार्रवाई की गई, यह भी जनता को बताएं।