Edited By Kuldeep, Updated: 23 Mar, 2026 11:00 PM

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार ने राज्य में वित्तीय संकट के लिए पूर्व भाजपा सरकार को पूरी तरह से दोषी ठहराया है। उन्होंने सोमवार को शिमला से जारी बयान में कहा है कि केंद्र सरकार द्वारा प्रदेश का राजस्व घाटा अनुदान बंद करना भी प्रदेश में वित्तीय...
शिमला (ब्यूरो): प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार ने राज्य में वित्तीय संकट के लिए पूर्व भाजपा सरकार को पूरी तरह से दोषी ठहराया है। उन्होंने सोमवार को शिमला से जारी बयान में कहा है कि केंद्र सरकार द्वारा प्रदेश का राजस्व घाटा अनुदान बंद करना भी प्रदेश में वित्तीय संकट खड़ा करना है। उन्होंने राजस्व घाटा अनुदान बंद करने के फैसले को अलोकतांत्रिक करार देते हुए कहा कि इस फैसले से प्रदेश की आर्थिकी पर विपरीत असर पड़ेगा। यही वजह है कि प्रदेश को अपने पैरों पर खड़ा करने के लिए प्रदेश सरकार को कुछ कठोर निर्णय लेने पर बाध्य होना पड़ा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश आर्थिक सुधारों, वित्तीय अनुशासन व आत्मनिर्भरता की ओर आगे बढ़ने का पूरा प्रयास कर रहा है। इस दिशा में राज्य विधानसभा में प्रस्तुत बजट दूरदर्शी व समावेशी साबित होगा।
विनय कुमार ने कहा है प्रदेश में पिछले लगातार 2 सालों में आई प्राकृतिक आपदा से भी प्रदेश पर अतिरिक्त आर्थिकी का बोझ पड़ा। केंद्र सरकार से कोई भी विशेष आर्थिक मदद न मिलने के बावजूद प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने अपने सीमित संसाधनों से प्रभावित परिवारों का पुनर्वास व पूरी तरह क्षतिग्रस्त सड़कों, पुलों व भवनों का पुनर्निर्माण किया, जबकि पूर्व भाजपा सरकार से प्रदेश की कांग्रेस सरकार को 70 हजार करोड़ से अधिक का ऋण व 12 हजार करोड़ से अधिक की कर्मचारियों की देनदारियां विरासत में मिलीं।
अभी भी समय, आरडीजी बहाल की पैरवी करें
विनय कुमार ने कहा है कि भाजपा नेता तथ्यहीन बयानबाजी कर जनता को गुमराह करने का असफल प्रयास कर रहे हैं। यदि भाजपा को प्रदेश के लोगों का जरा भी दुख दर्द होता तो वह आपदा के समय प्रदेश सरकार के साथ खड़ी होकर केंद्र से किसी भी आर्थिक मदद की गुहार लगाती। उन्होंने कहा है कि अभी भी समय है कि भाजपा को केंद्र सरकार के समक्ष प्रदेश की पैरवी करते हुए आरडीजी बहाल करवानी चाहिए।