Edited By Kuldeep, Updated: 29 Aug, 2026 07:09 PM

गगरेट विधानसभा क्षेत्र के गांव अम्बोआ में 26 वर्षीय वैशाली की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत को एक माह से अधिक समय बीत चुका है लेकिन अभी तक उसकी मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा नहीं हो पाया है।
नंगल जरियालां (दीपक): गगरेट विधानसभा क्षेत्र के गांव अम्बोआ में 26 वर्षीय वैशाली की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत को एक माह से अधिक समय बीत चुका है लेकिन अभी तक उसकी मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा नहीं हो पाया है। पुलिस की ओर से आरएफएसएल रिपोर्ट का इंतजार किए जाने की बात कही जा रही है। ऐसे में वैशाली के परिजनों के साथ-साथ क्षेत्रवासियों की निगाहें अब पुलिस जांच और रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं।
उल्लेखनीय है कि वैशाली 19 जुलाई को अपने घर से लापता हुई थी। करीब 3 दिन बाद 22 जुलाई को उसका शव घर के समीप जंगल में संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद हुआ था। वैशाली की मौत को एक माह से अधिक समय बीत जाने के बाद भी मामले में तस्वीर पूरी तरह साफ नहीं हो सकी है। पुलिस द्वारा उसके मोबाइल फोन की जांच और सीडीआर सहित अन्य पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
आरएफएसएल रिपोर्ट को भी जांच का अहम हिस्सा माना जा रहा है। वैशाली अब इस दुनिया में नहीं है, लेकिन उसके परिवार के मन में कई अनुत्तरित सवाल आज भी जीवित हैं। ऐसे में परिवार और क्षेत्रवासियों की एक ही उम्मीद है कि जांच निष्पक्षता और संवेदनशीलता के साथ जल्द पूरी हो और सच्चाई सामने आए, ताकि वैशाली के परिजनों को अपनी बेटी की मौत का सच जानने और न्याय पाने का अधिकार मिल सके।
तथ्यों के आधार पर हो बेटी की मौत की जांच
वैशाली के परिवार के लिए यह समय बेहद पीड़ादायक है। जिस बेटी के घर में कुछ ही समय बाद विवाह की तैयारियां होनी थीं, आज उसी परिवार को उसकी मौत की सच्चाई जानने का इंतजार है। परिवार ने अपनी बेटी को खो दिया लेकिन उसके साथ वास्तव में क्या हुआ, इसका जवाब अभी तक सामने नहीं आया है। वैशाली के विवाह को लेकर परिवार और उसके अपने लोगों ने कई सपने संजोए थे लेकिन उन सपनों के बीच अचानक आई इस त्रासदी ने परिवार को सदमे में डाल दिया। ऐसे में परिजनों की इच्छा है कि जांच निष्पक्ष और पूरी तरह तथ्यों के आधार पर हो तथा उनकी बेटी की मौत की वास्तविक वजह सामने आए।
पंडित राकेश शाह ने भी उठाई जांच में तेजी लाने की मांग
डेरा पंडित हरिशाह दरबार अम्बोआ के गद्दीनशीन पंडित राकेश शाह ने भी पुलिस प्रशासन से मामले की जांच में तेजी लाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि वैशाली की मौत का मामला गंभीर और संवेदनशील है तथा इसकी जांच को जल्द आगे बढ़ाया जाना चाहिए। उन्होंने पुलिस प्रशासन से आग्रह किया कि मामले की तह तक पहुंचकर सच्चाई सामने लाई जाए और वैशाली को इंसाफ दिलाया जाए। दरबार में चल रहे 40 दिनों के चिरागों के पश्चात शनिवार को पंडित राकेश शाह ने वैशाली के परिजनों को घर पहुंच कर हौसला दिया और हर परिस्थिति में उनके साथ खड़े रहने का आश्वासन दिया।
पुलिस कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल
गगरेट विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक चैतन्य शर्मा ने भी पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि एक माह से अधिक समय बीत जाने के बावजूद पुलिस अभी तक किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच पाई है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि मामले की जांच को तय समय सीमा में पूरा कर सच्चाई सामने लाई जाए तथा वैशाली के परिवार को न्याय दिलाया जाए।
मंगेतर को हाईकोर्ट से मिली जमानत
मामले में वैशाली के मंगेतर को हाईकोर्ट से जमानत मिली हुई है और वह पुलिस जांच में सहयोग कर रहा है। बताया गया है कि जिस दिन वैशाली घर से लापता हुई थी, उसी दिन उसका मंगेतर भी घर से गया था। हालांकि मामले की जांच अभी जारी है और किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले जांच एजैंसियों की रिपोर्ट और अन्य तथ्यों का सामने आना आवश्यक है।
आरएफएसएल रिपोर्ट का है इंतजार
डीएसपी अम्ब अनिल पटियाल ने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है और आरएफएसएल रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।