Edited By Vijay, Updated: 22 Mar, 2026 05:44 PM

हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले में वन संपदा की तस्करी के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामले में थाना कोट पुलिस ने स्वाहण के पास भरासडा लिंक रोड पर कार्रवाई करते हुए एक जीप से खैर की लकड़ी के 44 अवैध लॉग (मौछे) बरामद किए हैं।
बिलासपुर (बंशीधर): हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले में वन संपदा की तस्करी के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामले में थाना कोट पुलिस ने स्वाहण के पास भरासडा लिंक रोड पर कार्रवाई करते हुए एक जीप से खैर की लकड़ी के 44 अवैध लॉग (मौछे) बरामद किए हैं। पुलिस ने इस संबंध में वन्य अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगामी छानबीन शुरू कर दी है।
बिना परमिट ले जा रहा था लकड़ी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीते रोज देर शाम थाना कोट पुलिस की एक टीम इलाके में नियमित गश्त पर थी। इसी दौरान स्वाहण के पास भरासडा लिंक रोड पर शक के आधार पर एक जीप (एचपी 24सी- 4591) को जांच के लिए रोका गया। जब पुलिस जवानों ने जीप की गहनता से तलाशी ली, तो उसमें से खैर के 44 लॉग बरामद हुए। इसके बाद पुलिस ने जीप चालक से लकड़ी ले जाने का परमिट मांगा, लेकिन वह कोई वैध कागज पेश नहीं कर सका।
निजी भूमि से काटे गए हैं पेड़
चालक द्वारा संतोषजनक जवाब और दस्तावेज न दिए जाने पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने जीप व लकड़ी को अपने कब्जे में ले लिया। पुलिस ने तुरंत इसकी सूचना वन विभाग को भी दे दी है। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आ रही है कि खैर के ये पेड़ निजी भूमि से काटे गए हैं। मामले को लेकर एसपी बिलासपुर संदीप धवल ने पुष्टि की है। वहीं, वन मंडल अधिकारी (डीएफओ) बिलासपुर राजीव कुमार ने बताया कि वन विभाग भी अपने स्तर पर इस मामले की गहन छानबीन कर रहा है।
जिले में लगातार सामने आ रहे तस्करी के मामले
गौरतलब है कि बिलासपुर जिले में वन माफिया काफी सक्रिय है और बीते कुछ महीनों में तस्करी के कई बड़े मामले सामने आ चुके हैं। आंकड़ों पर नजर डालें तो इससे पहले गत 26 फरवरी को जिला के जंगल भराथू में काटे गए खैर के 50 लाॅग मंडी-भराड़ी में एक जीप से बरामद किए गए थे। वहीं, गत 11 फरवरी को तस्करों ने निजी भूमि से बहुमूल्य सफेद चंदन के 11 पेड़ काट लिए थे। इससे पूर्व 1 फरवरी को वन विभाग की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मंडी-भराड़ी में जड़ी-बूटी व बालन (जलाऊ लकड़ी) से लदे 11 ट्रकों को पकड़ा था। इसी तरह 26 जनवरी को वन खंड स्वारघाट की टीम ने नाके के दौरान अवैध लकड़ी ले जाते हुए 12 ट्रकों को कब्जे में लिया था। 10 जनवरी को यूपीएफ जंगल जामली में खैर तस्करों ने 11 पेड़ काट डाले थे, जिसके बाद वन विभाग की टीम ने जामली स्थित आरोपी के घर पर दबिश देकर खैर के 55 लॉग बरामद किए थे।
पिछले साल नवम्बर में भी सामने आए थे मामले
तस्करी का यह सिलसिला पिछले साल भी जारी था। गत 6 नवम्बर को कुड्डी क्षेत्र के भराथू में खैर के 15 पेड़ कटने का मामला सामने आया था। जबकि इससे पहले 2 नवम्बर को वन विभाग की टीम ने चलैला के पास एक पिकअप जीप से खैर के 33 लॉग बरामद कर तस्करों के मंसूबों को नाकाम किया था। लगातार सामने आ रहे इन मामलों से स्पष्ट है कि जिले में वन संपदा की सुरक्षा एक बड़ी चुनौती बनी हुई है।
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