Edited By Kuldeep, Updated: 02 Apr, 2025 04:45 PM

प्रदेश में पहली बार पशुपालक के घर से नर बछड़े को पशुपालन विभाग हिमाचल प्रदेश ने खरीदा है। ऐसे में अब इस बछड़े को राष्ट्रीय ग्रिड में शामिल करके देश के किसी वीर्य तृण केंद्र में भेजा जाएगा।
पालमपुर (भृगु): प्रदेश में पहली बार पशुपालक के घर से नर बछड़े को पशुपालन विभाग हिमाचल प्रदेश ने खरीदा है। ऐसे में अब इस बछड़े को राष्ट्रीय ग्रिड में शामिल करके देश के किसी वीर्य तृण केंद्र में भेजा जाएगा। संतान प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत अनेक मानकों पर परीक्षण के पश्चात पशुपालन विभाग ने इस बछड़े का चयन किया है। हिमाचल प्रदेश में संतान परीक्षण कार्यक्रम के तहत गांव कछियारी के हर्मिन्दर सिंह के घर से एक नर बछड़े को पशुपालन विभाग ने खरीद लिया है। संतान परीक्षण कार्यक्रम जिला कांगड़ा के 115 पशु चिकित्सा संस्थानों में चला है, जिसके अंतर्गत सभी गायों में उच्च आनुवंशिक योग्यता के बैलों के वीर्य से बनें तृणों का उपयोग किया जा रहा है।
पंजाब, हरियाणा, जम्मू व केरल तक के पशुपालक खरीद रहे
जिला कांगड़ा में पशु पालन विभाग के इस कार्यक्रम के चलते पिछले तीन वर्षों में जर्सी गायों की दूध देने की क्षमता बढ़ी है और विभाग अब अधिक दूध देने वाली गायों के नामित तृण से पैदा हुए नर बछड़ों को भी खरीद रहा है। इसी कड़ी में विभाग ने हर्मिन्दर सिंह के बछड़े को खरीदा। यही नहीं भारत पशुधन के ऑनलाइन पोर्टल पर उपलब्ध पशु क्रय-विक्रय का डाटा बताता है कि संतान परीक्षण कार्यक्रम जिला कांगड़ा के क्षेत्र से इस कार्यक्रम के अंतर्गत पैदा हुई जर्सी की बछड़ियों को इनके अधिक दूध देने की क्षमता के कारण पंजाब, हरियाणा, जम्मू व यहां तक कि केरल तक के लोग खरीद कर ले जा रहे हैं ।
30 लीटर से अधिक दूध देने वाली गाय से पैदा हुआ है बछड़ा
इस बछड़े को विभाग द्वारा खरीदने से पहले कई विश्व स्तरीय मानकों से गुजरना पड़ा । हर्मिन्दर सिंह की गाय 30 लीटर से ज्यादा दूध देती थी, जिसमें नामित तृण का उपयोग किया गया था । जिससे उपरोक्त बछड़ा पैदा हुआ। पैदा होने के बाद इस बछड़े के कई प्रकार के परीक्षण हुए, जिसमें 5-6 प्रकार की बीमारियों व पितृत्व परीक्षण शामिल हैं । इन सभी परीक्षणों को पास करने के बाद डॉ. संदीप मिश्रा सहायक निदेशक परियोजना व जिला समन्वयक संतान परीक्षण कार्यक्रम जिला कांगड़ा ने हर्मिन्दर सिंह के घर जाकर इस बछड़े को विभाग के लिए खरीदा गया।
क्वारंटाइन सैंटर में स्थानांतरित किया
इस बछड़े को पालमपुर स्थित क्वारंटाइन सैंटर में स्थानांतरित कर दिया । उन्होंने बताया कि अब कुछ समय तक इसे क्वारंटाइन सैंटर में पाला जाएगा व साथ ही आगे के कई प्रकार के परीक्षण किया जाएंगे । जिसके बाद इसे राष्ट्रीय ग्रिड में शामिल करके देश के किसी वीर्य तृण केंद्र में भेजा जाएगा। इस समय इनके साथ उप-मंडलीय पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ योगेश शर्मा व डॉ. विशाल पाटिल पशु चिकित्सा अधिकारी, संतान परीक्षण कार्यक्रम जिला कांगड़ा व विभाग के स्थानीय कर्मचारी उपस्थित रहे।