Edited By Jyoti M, Updated: 09 Jan, 2026 05:29 PM

जब एक जीवनसाथी ही रक्षक के बजाय भक्षक बन जाए, तो समाज की रूह कांप उठती है। कांगड़ा जिले के जवाली पुलिस थाना के तहत आने वाले नगरोटा सूरियां में एक ऐसी ही हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां 35 वर्षीय लक्ष्मी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई।
हिमाचल प्रदेश (नगरोटा सूरियां): जब एक जीवनसाथी ही रक्षक के बजाय भक्षक बन जाए, तो समाज की रूह कांप उठती है। कांगड़ा जिले के जवाली पुलिस थाना के तहत आने वाले नगरोटा सूरियां में एक ऐसी ही हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां 35 वर्षीय लक्ष्मी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस मामले में पुलिस ने मृतका के पति सोनू को हत्या के आरोप में सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है।
अंतिम संस्कार की तैयारियों के बीच खुला राज
यह घटना शुक्रवार की है, जब लक्ष्मी के अंतिम संस्कार की तैयारी चल रही थी। शुरुआत में मौत को सामान्य माना जा रहा था, लेकिन जब स्थानीय महिलाओं ने रीति-रिवाजों के अनुसार मृतका के वस्त्र बदलने शुरू किए, तो उनके होश उड़ गए। लक्ष्मी के शरीर पर जगह-जगह गहरे जख्मों और चोटों के निशान थे, जो चीख-चीख कर उसके साथ हुई बर्बरता की कहानी बयां कर रहे थे।
भागने की कोशिश ने पुख्ता किया शक
जैसे ही वहां मौजूद लोगों ने इन चोटों के बारे में सोनू से सवाल-जवाब करने शुरू किए, वह घबराहट में वहां से भागने लगा। आरोपी की इस हरकत ने ग्रामीणों का शक यकीन में बदल दिया। मुस्तैद लोगों ने तुरंत उसे खदेड़ कर पकड़ लिया और रस्सी से बांधकर पुलिस को सूचना दी।
पुलिस और फोरेंसिक टीम की कार्रवाई
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। एएसपी नूरपुर धर्म चंद वर्मा ने पुष्टि की है कि:
आरोपी सोनू को हिरासत में ले लिया गया है।
शव का पंचनामा कर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है ताकि मौत के सटीक कारणों का पता चल सके।
फोरेंसिक विशेषज्ञों (FSL) की टीम ने मौके से वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्रित किए हैं।
मासूम बच्चों के सिर से उठा मां का साया
बताया जा रहा है कि सोनू अपनी पत्नी लक्ष्मी और दो मासूम बच्चों के साथ नगरोटा सूरियां में रह रहा था। इस खौफनाक वारदात ने न केवल दो बच्चों के सिर से मां का साया छीन लिया, बल्कि पिता के चेहरे से भी भरोसे का नकाब उतार दिया है। पुलिस अब इस बात की तफ्तीश कर रही है कि इस जघन्य हत्याकांड के पीछे की मुख्य वजह क्या थी।