Shimla: जब-जब प्रदेश को जरूरत पड़ी, भाजपा हमेशा ही अपनी जिम्मेदारी से भागी

Edited By Kuldeep, Updated: 09 Feb, 2026 05:14 PM

shimla state need bjp participated

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार ने राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) बंद होने के बाद वित्तीय स्थिति पर चर्चा के लिए बुलाई गई महत्वपूर्ण बैठक में भाजपा के शामिल न होने पर कड़ी नाराजगी जताई है।

शिमला (ब्यूरो): प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार ने राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) बंद होने के बाद वित्तीय स्थिति पर चर्चा के लिए बुलाई गई महत्वपूर्ण बैठक में भाजपा के शामिल न होने पर कड़ी नाराजगी जताई है। सोमवार को शिमला से जारी बयान में उन्होंने कहा कि विपक्ष के सदस्यों का बैठक में शामिल न होना साफ दर्शाता है कि भाजपा को प्रदेश की कोई भी चिंता नहीं है। आरोप लगाया है कि जब-जब प्रदेश को जरूरत पड़ी है, भाजपा हमेशा ही अपनी जिम्मेदारी से भागी है।

जब हिमाचल स्टेटहुड की लड़ाई लड़ रहा था, उस समय भाजपा नेताओं ने इसका खुला विरोध किया था और कहा था स्टेटहुड को मारो ठुड। इसी तरह जब प्रदेश में भारी आपदा आई, उस समय विधानसभा में चर्चा से बचने का काम भी भाजपा ने ही किया। विनय कुमार ने कहा है कि सभी दलों के साथ मिलकर केंद्र सरकार के पास जाने के लिए आपदा पर प्रस्ताव पास हुआ लेकिन भाजपा ने वहां भी अपनी पीठ दिखाई। सोमवार जब राजस्व घाटा अनुदान बंद होने पर प्रदेश के भविष्य को लेकर अहम बैठक बुलाई गई, भाजपा नेताओं ने उसमें भी शामिल होने से किनारा कर लिया। यह भाजपा की मूल प्रवृत्ति बन चुकी है।

उन्होंने कहा है कि प्रदेश की जनता का साथ न देकर भाजपा नेता दिल्ली में बैठे अपने आकाओं के इशारों पर हिमाचल को नुक्सान पहुंचाने की साजिश का हिस्सा बने हैं। विनय कुमार ने इस जन विरोधी कार्रवाई के खिलाफ प्रदेश की जनता से आगे आकर सरकार का साथ देने और इस निर्णय का मजबूती से विरोध करने की बात कही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश को प्राकृतिक आपदाओं से हजारों करोड़ रुपए का नुक्सान हुआ, लेकिन केंद्र ने अब तक कोई वास्तविक सहायता नहीं दी। इसी तरह प्रधानमंत्री द्वारा घोषित 1500 करोड़ रुपए की आपदा राहत राशि भी आज तक प्रदेश को प्राप्त नहीं हुई। इसके बावजूद भाजपा नेता लोगों को भ्रमित कर रहे हैं कि केंद्र ने हिमाचल पर राहत की बरसात कर दी है।

भाजपा की नीतियों ने प्रदेश को आर्थिक संकट में धकेला
विनय कुमार ने कहा कि प्रदेश की पूर्व भाजपा सरकार ने राज्य का खजाना लुटाया। साथ ही 75 हजार करोड़ से अधिक का कर्ज और 12 हजार करोड़ से अधिक की देनदारियां विरासत में कांग्रेस सरकार को दीं। आरोप लगाया है कि पूर्व भाजपा सरकार के आर्थिक कुप्रबंधन ने प्रदेश की वित्तीय रीढ़ तोड़ दी, जबकि केंद्र ने प्रदेश की वर्तमान सरकार को 1 रुपए का भी आर्थिक सहयोग नहीं दिया।

राजनीतिक द्वेष के चलते जनता को सजा दे रही
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में सत्ता से बाहर किए जाने पर भाजपा राजनीतिक द्वेष के चलते हिमाचल की जनता को सजा दे रही है। इसी बदले की भावना के कारण केंद्र न तो राहत दे रहा है, न प्रदेश के अधिकारों पर निर्णय ले रहा है। विनय कुमार ने कहा कि प्रदेश के अधिकारों की लड़ाई कांग्रेस पूरी ताकत से लड़ेगी।

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!