Edited By Vijay, Updated: 10 Feb, 2026 07:28 PM

मंडी जिला के करसोग उपमंडल के अंतर्गत लिहचड़ी क्षेत्र में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां जहरीली पत्तियां खाने से 7 भेड़ों की मौत हो गई।
करसाेग (धर्मवीर गाैतम): मंडी जिला के करसोग उपमंडल के अंतर्गत लिहचड़ी क्षेत्र में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां जहरीली पत्तियां खाने से 7 भेड़ों की मौत हो गई। इस घटना से संबंधित गरीब भेड़पालक परिवार पर आर्थिक व मानसिक संकट का पहाड़ टूट पड़ा है, क्योंकि भेड़पालन ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन था।
प्राप्त जानकारी के अनुसार भेड़पालक अपनी भेड़ों को रोज़ की तरह चराने के लिए खेत में ले गया था। इसी दौरान भेड़ों ने अज्ञात जहरीले पौधों की पत्तियां खा लीं, जिससे कुछ ही समय में उनकी हालत बिगड़ने लगी और देखते ही देखते 7 भेड़ों की मौत हो गई। अचानक हुई इस घटना से क्षेत्र में शोक और चिंता का माहौल है।
घटना की सूचना मिलते ही पशुपालन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। विभागीय अधिकारियों द्वारा मृत भेड़ों का निरीक्षण किया गया तथा प्रारंभिक तौर पर जहरीली पत्तियों को मौत का कारण माना जा रहा है। पशुपालन विभाग ने भेड़पालक को भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं से बचाव के लिए आवश्यक सलाह भी दी।
वहीं प्रशासन की ओर से उपमंडलाधिकारी (एसडीएम) करसोग गौरव महाजन ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि प्रशासन पीड़ित भेड़पालक के साथ खड़ा है। उन्होंने नियमों के तहत हर संभव सहायता दिलाने का आश्वासन दिया और संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित भेड़पालक को शीघ्र आर्थिक मुआवजा प्रदान किया जाए, ताकि वह इस भारी नुक्सान से उबर सके, साथ ही क्षेत्र में पशुओं के लिए सुरक्षित चरागाहाें की पहचान और जहरीले पौधों को हटाने की भी मांग उठाई जा रही है। यह घटना एक बार फिर ग्रामीण और पर्वतीय क्षेत्रों में पशुपालकों की असुरक्षा और संवेदनशील परिस्थितियों को उजागर करती है, जहां एक छोटी-सी चूक उनकी पूरी आजीविका पर भारी पड़ जाती है।