Edited By Vijay, Updated: 21 Feb, 2026 11:00 PM

मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अदालतों का रुख सख्त होता जा रहा है। रोहड़ू की विशेष अदालत ने करीब तीन साल पुराने एक मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए चिट्टा तस्करी के 2 दोषियों को 5-5 साल कठोर कारावास की सजा सुनाई है।
रोहड़ू (बशनाट): मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अदालतों का रुख सख्त होता जा रहा है। रोहड़ू की विशेष अदालत ने करीब तीन साल पुराने एक मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए चिट्टा तस्करी के 2 दोषियों को 5-5 साल कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही दोनों पर 50-50 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है। इस मामले में नामजद तीसरे आरोपी को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया है।
आराेपियाें से बरामद हुआ था 13.10 ग्राम चिट्टा
विशेष न्यायाधीश अनिल शर्मा की अदालत में चले इस मामले के अनुसार, 20 मार्च 2023 को पुलिस चौकी सरस्वतीनगर की टीम हाटकोटी में नाकेबंदी पर थी। इस दौरान कार (HP-10A-6162) की तलाशी लेने पर उसमें सवार सुरेंद्र कुमार निवासी जुब्बल और ईशान निवासी सिरठी के पास से 13.10 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ था। पुलिस ने दोनों को मौके से गिरफ्तार किया और बाद में जांच के दौरान सुरेश कुमार उर्फ पप्पू निवासी शेलापानी व जिला शिमला का नाम भी सामने आया।
20 गवाहों की गवाही के बाद सुनाया फैसला
उप जिला न्यायवादी सुचित्रा अग्रवाल ने सरकार की ओर से मामले की पैरवी की। अदालत में कुल 20 गवाह पेश किए गए। तमाम सबूतों और गवाहों को सुनने के बाद अदालत ने सुरेंद्र और ईशान को एनडीपीएस एक्ट की धारा 21, 25 और 29 के तहत दोषी करार दिया। जुर्माना न भरने पर उन्हें एक साल अतिरिक्त कैद काटनी होगी। वहीं, तीसरे आरोपी सुरेश कुमार को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया।
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