वेतन काटे जाने पर भड़के डॉक्टर, काले बिल्ले लगाकर करेंगे काम

Edited By prashant sharma, Updated: 04 Aug, 2020 04:20 PM

doctors furious when salary is deducted will work with black plats

कोरोना काल में डॉक्टर के ग्रेड-पे पर चली कैंची को लेकर घमासान मच गया है। मामले को लेकर युवा मेडिकल ऑफिसर एसोसिएशन ने प्रदेश सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।

ऊना (अमित शर्मा) : कोरोना काल में डॉक्टर के ग्रेड-पे पर चली कैंची को लेकर घमासान मच गया है। मामले को लेकर युवा मेडिकल ऑफिसर एसोसिएशन ने प्रदेश सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। डॉक्टर्स ने मंगलवार सुबह रीजनल अस्पताल ऊना में काले बिल्ले लगाकर सरकार के फैसले पर विरोध जताते हुए रोष प्रदर्शन किया। वहीं आगामी दिनों में भी काले बिल्ले लगाकर ही अस्पताल में काम करते हुए सरकार के निर्णय पर अपना विरोध दर्ज कराने का फैसला लिया है। डॉक्टर ने मामला न सुलझने के चलते 9 अगस्त से पेन डाउन हड़ताल भी की चेतावनी दे डाली है। 

स्वास्थ्य विभाग में अनुबंध आधार पर सेवाएं दे रहे युवा चिकित्सा अधिकारियों के ग्रेड पे में कटौती का मामला गर्माता जा रहा है। मंगलवार को चिकित्सकों ने युवा मेडिकल ऑफिसर्स के समर्थन में रोष प्रदर्शन कर कर सरकार के फैसले पर विरोध जताया है। जबकि 9 अगस्त से पेनडाउन हड़ताल की भी चेतावनी दे डाली है। प्रदेशभर में सभी चिकित्सा अधिकारियों ने अपने नौजवान युवा अनुबंधित चिकित्सकों के ग्रेड पे काटे जाने के खिलाफ काले बिल्ले लगाकर अपना विरोध प्रदर्शन जताने का फैसला किया है। उसी के तहत आज रीजनल हॉस्पिटल ऊना के सभी डॉक्टरों ने अपने युवा अनुबंधित डॉक्टरो के समर्थन में काले बिल्ले लगाना शुरू कर दिया है। 

मेडिकल ऑफिसर एसोसिएशन की जिला इकाई ने एलान किया कि वह 9 अगस्त तक काले बिल्ले लगाकर अपना विरोध प्रदर्शन जताएंगे और अगर 9 अगस्त तक इस मुद्दे को सुलझाया नहीं गया तो इसके बाद 7 दिन के लिए 2 घंटे की पेन डाउन स्ट्राइक शुरू की जाएगी। अगर उसमें भी इस मुद्दे को नहीं सुलझाया गया तो 16 अगस्त बाद के बाद पूर्ण बंद करने पर प्रदेश के सभी चिकित्सक मजबूर हो जाएंगे। जिसकी सारी जिम्मेवारी प्रदेश सरकार की होगी। चिकित्सकों ने कहा कि जब यह ग्रेड पे इंसेंटिव पूरे प्रदेश के अनुबंधित कर्मचारियों को 2016 की अधिसूचना के बाद मिल रहा है और हमारे चिकित्सकों को भी मिल रहा था तो अब ऐसी क्या स्थिति आन पड़ी के इस कोरोना जैसी महामारी के बीच नौजवान अनुबंधित डॉक्टर्स की सैलरी पर कैंची चलाई जा रही है। उन्होंने बताया कि यह कटौती कम नहीं है, पूरे 22 फीसदी है। उन्होंने सरकार से गुजारिश है कि वह जल्द से जल्द स्थिति स्पष्ट करें कि वह यह ग्रेड पे इंसेंटिव अनुबंधित डॉक्टर्स को देना जारी रखेंगे कि नहीं रखेंगे नहीं तो चिकित्सकों को संघर्ष के अलावा कोई दूसरा रास्ता नहीं दिख रहा है।
 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!