Edited By Kuldeep, Updated: 29 Aug, 2025 10:23 PM

चम्बा जिले के भरमौर और आसपास के क्षेत्रों में अब तक लगभग 13,000 मणिमहेश यात्री फंसे हुए हैं।
चम्बा (काकू चौहान): चम्बा जिले के भरमौर और आसपास के क्षेत्रों में अब तक लगभग 13,000 मणिमहेश यात्री फंसे हुए हैं। इनमें से 5,000 श्रद्धालुओं को शनिवार को चम्बा की तरफ रवाना कर दिया है। ये यात्री करीब 15 किलोमीटर पैदल सफर करेंगे और उसके बाद परिवहन निगम की बसों के माध्यम से अपने गंतव्य की रवाना होंगे। प्रशासन द्वारा विभिन्न स्थानों पर करीब 22 बसों की व्यवस्था की गई है। यात्रियों को गंतव्य तक छोड़ने के बाद बसें दोबारा रूट पर पहुंचेंगी और फिर से यात्रियों को लेकर जाएंगी।
सरकार द्वारा बसों की नि:शुल्क व्यवस्था की गई है। यही नहीं, बीमार व बुजुर्ग यात्रियों की सुविधा के लिए हैलीकाॅप्टर सेवाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी। शनिवार को मौसम खराब होने के कारण कोई उड़ान नहीं हो पाई। सरकार ने भरमौर में सेना का हैलीकाॅप्टर उतरने की योजना बनाई थी, लेकिन यहां सेना का हैलीकाॅप्टर उतारने के लिए उपयुक्त स्थल न होने के कारण अब होली से हैलीकाॅप्टर उड़ानें करवाने की योजना बनाई जा रही है। राहत की बात यह है कि अब स्थिति सामान्य है। डीसी मुकेश रेप्सवाल ने सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू को इस बाबत पूरी जानकारी उपलब्ध करवाई। उन्होंने बताया कि रैस्क्यू ऑप्रेशन लगातार जारी है। 5,000 यात्री चम्बा के लिए प्रस्थान कर चुके हैं।
कलसुई व चम्बा बस अड्डे पर लगाए मैडीकल कैंप
प्रशासन ने यात्रियों के स्वास्थ्य की जांच के लिए चम्बा-भरमौर मार्ग पर कलसुई व चम्बा नए बस अड्डे में मैडीकल कैंप लगाए हैं, जहां यात्रियों की जांच की जा रही है।
चम्बा चौगान में हैल्प डैस्क स्थापित
प्रशासन ने चम्बा चौगान में एक हैल्प डैस्क स्थापित किया है, जहां पर यात्रियों के बारे में जानकारी उपलब्ध कार्रवाई जा रही है। हैल्प डैस्क पर तैनात कर्मचारियों के पास यात्रियों की सूची उपलब्ध है। यहां कोई भी यात्री अपनों के बारे में पूछताछ कर सकता है। जरूरत पड़ने पर नियंत्रण कक्ष से भी जानकारी जुटाई जाएगी।