Edited By Jyoti M, Updated: 17 Nov, 2025 11:36 AM

हिमाचल प्रदेश में पर्वतों की अस्थिरता एक बार फिर देखने को मिली है, जिसके चलते मनाली-लेह राष्ट्रीय राजमार्ग पर आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया है। यह व्यवधान लाहौल घाटी के प्रमुख मार्ग, मूलिंग पुल के नजदीक आया है, जहाँ एक विशाल पहाड़ी का हिस्सा दरक कर...
हिमाचल डेस्क। हिमाचल प्रदेश में पर्वतों की अस्थिरता एक बार फिर देखने को मिली है, जिसके चलते मनाली-लेह राष्ट्रीय राजमार्ग पर आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया है। यह व्यवधान लाहौल घाटी के प्रमुख मार्ग, मूलिंग पुल के नजदीक आया है, जहाँ एक विशाल पहाड़ी का हिस्सा दरक कर सड़क पर आ गिरा है।
मुख्य मार्ग अवरुद्ध: केलॉन्ग के पास संकट
सोमवार की सुबह, ठीक 9:00 बजे के आसपास, यह भूस्खलन हुआ जिसने महत्वपूर्ण पर्यटन और सैन्य मार्ग को काट दिया। जिला मुख्यालय केलॉन्ग (Keylong) के निकट हुई इस घटना से, विशेष रूप से कुल्लू-मनाली से लद्दाख (लेह) की ओर जा रहे कई यात्री और मालवाहक वाहन रास्ते में ही अटक गए हैं।
पहाड़ी के मलबे से पटी सड़क ने वाहनों की लंबी कतार लगा दी है, जिससे यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।
बीआरओ ने संभाला मोर्चा
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी है। जानकारी मिलते ही, हाईवे को जल्द से जल्द साफ़ करने और यातायात को बहाल करने के लिए संगठन की भारी मशीनरी और टीमें मौके पर तैनात कर दी गई हैं। प्राथमिकता यह है कि फंसे हुए यात्रियों के लिए रास्ता खोलकर, इस बर्फीले रेगिस्तान में उनकी यात्रा को फिर से शुरू किया जाए।