Edited By Kuldeep, Updated: 10 Feb, 2026 06:04 PM

अखिल भारतीय कांग्रेस कार्यसमिति की सदस्य एवं पूर्व सांसद प्रतिभा सिंह ने भाजपा से प्रदेश हित में आगे आने का आह्वान करते हुए कहा है कि वह हिमाचल प्रदेश के राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) को बहाल करवाने के लिए प्रधानमंत्री से पुरजोर आग्रह करे।
शिमला (ब्यूराे): अखिल भारतीय कांग्रेस कार्यसमिति की सदस्य एवं पूर्व सांसद प्रतिभा सिंह ने भाजपा से प्रदेश हित में आगे आने का आह्वान करते हुए कहा है कि वह हिमाचल प्रदेश के राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) को बहाल करवाने के लिए प्रधानमंत्री से पुरजोर आग्रह करे। उन्होंने मंगलवार को शिमला से जारी बयान में कहा है कि आरडीजी का बंद होना न केवल वर्तमान में, बल्कि आने वाले समय में भी प्रदेश की अर्थव्यवस्था के लिए एक बड़ी चुनौती साबित होगा, इसलिए इस विषय पर गंभीर चिंतन और सामूहिक प्रयास की आवश्यकता है। प्रतिभा सिंह ने कहा कि यह समय किसी भी प्रकार के आरोप-प्रत्यारोप का नहीं है, बल्कि हिमाचल के अधिकारों और स्वाभिमान की रक्षा करने का है। प्रदेश की आर्थिक स्थिरता और विकास के लिए राजस्व घाटा अनुदान अत्यंत आवश्यक है और इसे राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर देखा जाना चाहिए।
इससे पहले भी केंद्र में भाजपा की सरकारें रही हैं, लेकिन किसी भी सरकार ने ऐसा कठोर कदम नहीं उठाया, जिससे प्रदेश को राजस्व घाटे की भरपाई से वंचित किया गया हो। प्रतिभा सिंह ने कहा है कि हिमाचल का देश के प्राकृतिक पर्यावरण को बचाने और संवारने में बहुत बड़ा योगदान है। प्रदेश में वनों और नदियों का संरक्षण अत्यंत महत्वपूर्ण है और राज्य सरकारों ने इस दिशा में निरंतर प्रयास किए हैं। पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में हिमाचल प्रदेश को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कई बार सराहना मिल चुकी है। इस उपलब्धि में कांग्रेस के साथ-साथ पूर्व की भाजपा सरकारों का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
यह मुद्दा किसी एक सरकार या दल का नहीं
प्रतिभा सिंह ने कहा कि आज प्रदेश में कांग्रेस की सरकार है, लेकिन भविष्य में किसी अन्य दल या भाजपा की भी सरकार आ सकती है। यदि आज भाजपा आर.डी.जी. बहाली के प्रति उदासीन रहती है तो आने वाले समय में उन्हें भी इसी आर्थिक नुक्सान का सामना करना पड़ेगा। इसलिए यह मुद्दा किसी एक सरकार या दल का नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश के भविष्य से जुड़ा हुआ है।
दलगत राजनीति से ऊपर उठना होगा
प्रतिभा सिंह ने कहा कि प्रदेश के समग्र विकास, बुनियादी ढांचे, शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक योजनाओं को मजबूती देने के लिए आरडीजी का जारी रहना बेहद जरूरी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रदेश के सभी भाजपा नेता इस विषय पर गंभीर मंथन करेंगे और दलगत राजनीति से ऊपर उठकर आरडीजी की बहाली के लिए अपना सकारात्मक और प्रभावी योगदान देंगे।