Edited By Swati Sharma, Updated: 15 Feb, 2026 01:23 PM

Kangra News: हिमाचल प्रदेश की प्रसिद्ध कांगड़ा घाटी रेल सेवा का इंतजार खत्म होने वाला है। पठानकोट-जोगिंद्रनगर रेलमार्ग पर करीब चार साल से ठप पड़ी सीधी रेल सेवा को इस महीने के अंत तक बहाल करने की तैयारी पूरी हो चुकी है। आगामी 24 फरवरी को सात बोगियों...
Kangra News: हिमाचल प्रदेश की प्रसिद्ध कांगड़ा घाटी रेल सेवा का इंतजार खत्म होने वाला है। पठानकोट-जोगिंद्रनगर रेलमार्ग पर करीब चार साल से ठप पड़ी सीधी रेल सेवा को इस महीने के अंत तक बहाल करने की तैयारी पूरी हो चुकी है। आगामी 24 फरवरी को सात बोगियों वाली विशेष ट्रेन के साथ पूरे ट्रैक का अंतिम निरीक्षण और ट्रायल किया जाएगा। यदि सब कुछ योजना के अनुसार रहा, तो 28 फरवरी से यात्री फिर से सस्ते और सुहावने सफर का आनंद ले सकेंगे।
चक्की पुल टूटने के बाद से था संकट
गौरतलब है कि अगस्त 2022 में चक्की खड्ड पर बना अहम रेल पुल ध्वस्त होने के कारण इस मार्ग पर रेल सेवाओं का सीधा संपर्क पूरी तरह टूट गया था। वर्तमान में केवल बैजनाथ और कांगड़ा के बीच दो ट्रेनें चल रही हैं, जिससे यात्रियों और पर्यटकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
24 फरवरी को होगा फाइनल ट्रायल
उत्तर रेलवे परिमंडल दिल्ली के रेल संरक्षा आयुक्त दिनेश चंद देशवाल खुद इस ट्रायल का नेतृत्व करेंगे। सुबह 7:00 बजे पठानकोट से नूरपुर रोड तक नवनिर्मित रेल पुल और ट्रैक का गहन जायजा लिया जाएगा। दोपहर बाद नूरपुर रोड से जोगिंद्रनगर तक ट्रेन का ट्रायल रन होगा। निरीक्षण के दौरान स्थानीय संस्थाएं और लोकतांत्रिक राष्ट्र अभियान समिति के सदस्य भी रेल संरक्षा आयुक्त से मुलाकात कर ट्रैक की चुनौतियों और जन-सुविधाओं पर चर्चा करेंगे।
पर्यटन और आर्थिकी को मिलेगी नई उड़ान
इस सीधी रेल सेवा के बहाल होने से न केवल स्थानीय लोगों को आवाजाही में आसानी होगी, बल्कि कांगड़ा के शक्तिपीठों और ऐतिहासिक पर्यटक स्थलों पर सैलानियों की आमद भी बढ़ेगी। इससे स्थानीय व्यापारियों और पर्यटन कारोबारियों की आर्थिकी को एक बार फिर मजबूती मिलने की उम्मीद है। उत्तर रेलवे के रेल संरक्षा आयुक्त दिनेश चंद देशवाल ने कहा, "हम 24 फरवरी को चक्की खड्ड पुल और पूरे ट्रैक का निरीक्षण करेंगे। ट्रायल सफल रहने के दो-तीन दिनों के भीतर पठानकोट से जोगिंद्रनगर तक सीधी ट्रेन सेवा शुरू कर दी जाएगी।"