Edited By Swati Sharma, Updated: 27 Jan, 2026 06:51 PM

Mandi News: चचेरी बहन के साथ छेड़छाड़ के गंभीर मामले में मंडी की अदालत ने कड़ा फैसला सुनाया है। न्यायालय ने आरोपी सतीश कुमार को भारतीय दंड संहिता की धारा 354 के तहत दोषी ठहराते हुए एक वर्ष का साधारण कारावास और 5,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
Mandi News: चचेरी बहन के साथ छेड़छाड़ के गंभीर मामले में मंडी की अदालत ने कड़ा फैसला सुनाया है। न्यायालय ने आरोपी सतीश कुमार को भारतीय दंड संहिता की धारा 354 के तहत दोषी ठहराते हुए एक वर्ष का साधारण कारावास और 5,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
क्या था मामला?
अदालत ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों में सख्ती बरतना समाज में कानून का डर बनाए रखने के लिए आवश्यक है। मामला दिसंबर 2017 का है। पीड़िता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसका चचेरा भाई सतीश कुमार भोजन के बहाने उसके कमरे में आया और फिर सेल्फी लेने की इच्छा जताई। इसी दौरान उसने महिला के साथ अश्लील हरकतें कीं। पीड़िता ने तुरंत अपने पति और पिता को बताया, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने पीड़िता, उसके पति, पिता और पड़ोसियों सहित कुल 12 गवाहों के बयान दर्ज करवाए। अदालत ने पीड़िता की गवाही को विश्वसनीय और प्राकृतिक माना, जबकि बचाव पक्ष की दलील कि आरोपी को झूठा फंसाया गया है, खारिज कर दी गई।
चचेरी बहन से छेड़छाड़ के आरोपी के खिलाफ पीछा करने का आरोप अदालत ने खारिज कर दिया। पुलिस ने प्रारंभ में आरोपी पर छेड़छाड़ के साथ-साथ पीछा करने की धारा भी लगाई थी, लेकिन अदालत ने पाया कि आरोपी का पीड़िता के घर आना-जाना रिश्तेदारी के कारण सामान्य था और इसे पीछा करने के श्रेणी में नहीं रखा जा सकता। पर्याप्त साक्ष्य न होने के कारण आरोपी को इस आरोप से बरी कर दिया गया। अदालत ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों में सख्ती बरतना समाज में कानून का डर बनाए रखने के लिए आवश्यक है।