Edited By Jyoti M, Updated: 17 Mar, 2026 11:05 AM

कुदरत की गोद में बसे सोलन के करालघाट के घने जंगलों में सोमवार की शाम एक ऐसी सनसनीखेज खबर आई, जिसने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया। परवाणू पुलिस थाना के अंतर्गत आने वाले भोजनगर गांव के पास एक युवक और युवती के शव बेहद संदिग्ध परिस्थितियों में मिले हैं।
हिमाचल डेस्क। कुदरत की गोद में बसे सोलन के करालघाट के घने जंगलों में सोमवार की शाम एक ऐसी सनसनीखेज खबर आई, जिसने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया। परवाणू पुलिस थाना के अंतर्गत आने वाले भोजनगर गांव के पास एक युवक और युवती के शव बेहद संदिग्ध परिस्थितियों में मिले हैं। देवदार के पेड़ों के बीच छिपे इस रहस्य ने पुलिस के सामने आत्महत्या और हत्या के दोहरे सवालों का जाल बुन दिया है।
कैसे हुआ घटना का खुलासा?
सोमवार शाम करीब सवा पांच बजे, जब सूरज ढल रहा था, एक वाहन चालक करालघाट स्थित मंदिर में माथा टेकने के लिए रुका। उसने सपने में भी नहीं सोचा था कि मंदिर के पास का सन्नाटा उसे एक खौफनाक मंजर तक ले जाएगा। जैसे ही उसकी नजर पेड़ की ओर गई, उसने एक युवक को फंदे से झूलता देखा।
हैरत की बात यह थी कि कुछ ही दूरी पर जमीन पर एक युवती का शव बेसुध पड़ा था। ड्राइवर ने तुरंत इसकी सूचना भोजनगर पुलिस चौकी को दी, जिसके बाद कानून व्यवस्था हरकत में आई।
जांच के अहम सुराग और पहचान
मृतक युवक 22 वर्षीय करण, जो सोलन जिले के ही 'खील को मोड़' (पडगयानी) का रहने वाला था। उसका शव पेड़ से लटका पाया गया। मृतक युवती 20 वर्षीय याशिका लामा, जो मूल रूप से नेपाल की रहने वाली थी और वर्तमान में देउंघाट (सोलन) में रह रही थी। युवती के सिर पर हेलमेट लगा हुआ था और उसके चेहरे (नाक-मुंह) से खून बह रहा था।
हर एंगल पर पुलिस की पैनी नजर
शुरुआती जांच में इसे प्रेम प्रसंग से जुड़ा मामला माना जा रहा है, लेकिन युवती की हालत को देखते हुए पुलिस किसी भी जल्दबाजी में नहीं है। पुलिस प्रशासन दो मुख्य पहलुओं पर काम कर रहा है। क्या यह किसी दबाव में उठाया गया सामूहिक कदम था? क्या यह ऑनर किलिंग या किसी तीसरे पक्ष द्वारा अंजाम दिया गया अपराध है?
साक्ष्यों की बारीकी से जांच के लिए एफएसएल (FSL) जुन्गा की विशेषज्ञ टीम को मौके पर बुलाया गया है। फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने मौके से फिंगरप्रिंट्स और अन्य तकनीकी साक्ष्य जुटाए हैं ताकि मौत के सही समय और कारण का पता लगाया जा सके।
उच्चाधिकारियों का बयान
डीएसपी परवाणू, अनिल और एसपी सोलन, टी.एस.डी. वर्मा ने स्वयं घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस के अनुसार, शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और परिजनों से पूछताछ जारी है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही इस उलझी हुई गुत्थी के असली कारण सामने आ पाएंगे।