Edited By Kuldeep, Updated: 29 Oct, 2025 07:33 PM

विश्वविद्यालय कार्यकारी परिषद ने 27 सितम्बर को आयोजित बैठक में शैक्षणिक सत्र 2018-19 के लिए बीएचएम, पीजीडीसीए/डीसीए और शैक्षणिक सत्र 2005-06 के बाद के पीजी पाठ्यक्रमों जैसे एमए/एमएमसी/एम कॉम/एमबीए/एमए और एमएससी गणित/एमए शिक्षा के विद्यार्थियों को...
शिमला (ब्यूरो): विश्वविद्यालय कार्यकारी परिषद ने 27 सितम्बर को आयोजित बैठक में शैक्षणिक सत्र 2018-19 के लिए बीएचएम, पीजीडीसीए/डीसीए और शैक्षणिक सत्र 2005-06 के बाद के पीजी पाठ्यक्रमों जैसे एमए/एमएमसी/एम कॉम/एमबीए/एमए और एमएससी गणित/एमए शिक्षा के विद्यार्थियों को डिग्री पूरी करने और उसमें सुधार करने के लिए विशेष अवसर प्रदान करने को मंजूरी दी है।
बीएचएम, पीजीडीसीए/डीसीए पाठ्यक्रमों के लिए 20,000 रुपए प्रति सैमेस्टर और पीजी पाठ्यक्रमों यानी एमए/एमएमसी/एमकॉम/एमबीए/एमए और एमएससी के लिए 15,000 रुपए प्रति सैमेस्टर शुल्क लिया जाएगा। पुराने विद्यार्थियों के लिए परीक्षा फार्म शैक्षणिक सत्र 2018-19 से विश्वविद्यालय की वैबसाइट पर उपलब्ध हैं। ऑड सैमेस्टर की परीक्षा नवम्बर और दिसम्बर माह में आयोजित की जाएगी तथा बिना विलम्ब शुल्क के परीक्षा फार्म भरने की अंतिम तिथि 15 नवम्बर तक है, इसके बाद विश्वविद्यालय के नियमों के अनुसार विलम्ब शुल्क लिया जाएगा।