Edited By Vijay, Updated: 31 Aug, 2025 12:07 PM

हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश ने पहाड़ों पर बसे लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कुम्हारहट्टी-रामशहर-शिमला मार्ग पर हुए भूस्खलन से इलाके का जनजीवन थम-सा गया है।
सोलन: हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश ने पहाड़ों पर बसे लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कुम्हारहट्टी-रामशहर-शिमला मार्ग पर हुए भूस्खलन से इलाके का जनजीवन थम-सा गया है। कुम्हारहट्टी और आमपानी क्षेत्रों के पास पहाड़ों से खिसके मलबे और बड़ी-बड़ी चट्टानों ने मुख्य सड़क को पूरी तरह से बंद कर दिया है। यह मार्ग कई गांवों को शिमला, सोलन और अन्य प्रमुख शहरों से जोड़ता है। रोड बंद होने की वजह से न केवल वाहनों की आवाजाही ठप्प है, बल्कि ग्रामीणों की रोजमर्रा की जिंदगी पर भी गहरा असर पड़ा है।
लोक निर्माण विभाग की टीमें जेसीबी और पोकलेन मशीनों के जरिए मलबा हटाने में जुटी हुई हैं। बावजूद इसके, लगातार हो रही बारिश और अक्सर गिरने वाले पत्थर इस काम को और जोखिमभरा बना रहे हैं। विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मौसम ने साथ दिया तो सड़क को छोटे वाहनों के लिए खोला जा सकता है। इस समय जिन लोगों को जरूरी काम से बाहर जाना पड़ रहा है, वे लंबा चक्कर लगाकर दूसरे रास्तों से सफर कर रहे हैं। लेकिन ये रास्ते न केवल दूर हैं, बल्कि इनसे खर्च और समय दोनों ज्यादा लग रहा है।
स्थानीय निवासियाें का कहना है कि हर बार जब बारिश होती है तो सड़क बंद हो जाती है। इसके चलते बच्चे स्कूल नहीं जा पाते, बीमार लोगों को इलाज के लिए ले जाना मुश्किल हो जाता है। लोगों ने प्रशासन से स्थायी उपाय की मांग की है। वे रिटेनिंग वॉल और बेहतर जल निकासी तंत्र बनवाने की मांग कर रहे हैं, ताकि आने वाले समय में ऐसी परेशानी न हो।
नालागढ़ पुलिस ने मार्ग पर यातायात पूरी तरह से बंद कर दिया है और यात्रियों को वैकल्पिक मार्गों से जाने की सलाह दी है, साथ ही बारिश के चलते किसी भी अनहोनी से बचने के लिए अत्यधिक सतर्कता बरतने की अपील की गई है। वहीं माैसम विभाग ने प्रदेश में अगले 24 घंटों तक और बारिश का पूर्वानुमान जताया है। इससे सड़क बहाली में और देरी हो सकती है और मौके पर तैनात कर्मचारियों की सुरक्षा को भी खतरा बढ़ सकता है।