पेड़ कटान मामला : आरोपी से 286 स्लीपर व 33 कोयले की बोरियां बरामद

  • पेड़ कटान मामला : आरोपी से 286 स्लीपर व 33 कोयले की बोरियां बरामद
You Are HereHimachal Pradesh
Sunday, January 14, 2018-1:17 AM

शिमला: राजधानी से सटी भलबोग बीट के कोटी वन रेंज में पेड़ कटान मामले में वन विभाग और पुलिस की टीम ने शनिवार को आरोपी के घर से स्लीपर रिकवर किए। इस दौरान कोयले की बोरियां भी बरामद की गईं। पेड़ कटान को लेकर पुलिस आरोपी भूपराम से पूछताछ कर रही है। पुलिस को अब उस जमीन की निशानदेही का इंतजार है, जहां पर पेड़ काटे गए हैं। इस मामले में वन विभाग ने भी प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। डी.एफ.ओ. शिमला ग्रामीण इस मामले की जांच कर रहे हैं और वन मुख्यालय भी अपने स्तर पर इस मामले की जांच करेगा। 

रविवार को मौके का मुआयना करेंगे वन मंत्री
कोटी वन रेंज में पेड़ कटान मामले में वन मंत्री गोविंद ठाकुर ने भी कड़ा संज्ञान लिया है। ये देखते हुए वन मंत्री रविवार को मौके का मुआयना करेंगे। वन विभाग और पुलिस ने आरोपी के घर से 286 स्लीपर व कडिय़ां और 33 कोयले की बोरियां बरामद की हैं। इस दौरान टीम को करीब 400 पेड़ों के ठूंठ मौके पर मिले हैं। अभी ये साफ नहीं हो पाया कि पेड़ निजी भूमि पर काटे गए हैं या फिर वन भूमि पर कटान हुआ है। इसका पता सोमवार को निशानदेही में लग पाएगा। आरोपी को पुलिस ने पूछताछ के लिए हिरासत में ले रखा है। आरोपी खुलकर ये कह रहा है कि उसने अपनी निजी भूमि पर पेड़ काटे हैं। वन विभाग ने निशानदेही के लिए राजस्व महकमे को लिख दिया है। यदि निशानदेही में वन भूमि पर पेड़ कटान निकला तो आरोपी को गिरफ्तार किया जाएगा। 

वन विभाग को क्यों नहीं लगी कटान की भनक?
बता दें कि फोरैस्ट रेंज ऑफिसर अनु ठाकुर ने वन्य क्षेत्र में देवदार, चीड़ और बान के करीब 400 पेड़ काटने पर जुन्गा के रहने वाले भूपराम पर एफ.आई.आर. दर्ज करवाई थी। वन महकमे की शिकायत पर पुलिस ने मौके पर जाकर जब जांच की तो पुलिस ने मौके से कोयले की बोरियां और स्लीपर बरामद किए। पुलिस को अंदेशा है कि ये वन कटान तस्करी के मकसद से किया गया है। पेड़ काटने का क्या मकसद है, ये तो जांच में ही साफ हो पाएगा लेकिन यहां वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। आखिर जब सालों से यहां पेड़ काटे जा रहे थे तो वन विभाग को इसकी भनक क्यों नहीं लगी। 

रिटायर्ड बीट इंजार्च पर गिर सकती है गाज
सूत्रों की मानें तो 31 दिसम्बर को रिटायर हुए बीट इंचार्ज पर भी गाज गिर सकती है। बताया जा रहा है कि सालों से कोटी वन रेंज में पेड़ काटे जा रहे थे, ऐसे में बीट इंचार्ज, समेत ब्लॉक ऑफिसर व फोरैस्ट गार्ड को इसकी भनक तक नहीं लग पाई। 31 दिसम्बर को बीट इंचार्ज रिटायर हुआ और नए बीट इंचार्ज ने जैसे ही ड्यूटी ज्वाइन की। नए बीट इंचार्ज के ज्वाइन करने के बाद ग्रुप पैट्रोलिंग की गई तो उसमें 400 पेड़ काटने का पता चला। ऐसे में संभव है कि रिटायर हो चुके बीट इंचार्ज से भी पूछताछ की जाए।

सोमवार को होगी निशानदेही 
शिमला ग्रामीण के डी.एफ.ओ. अमित शर्मा ने बताया कि वन विभाग ने स्लीपर व कोयला बरामद कर लिया है। पुलिस के साथ-साथ वन विभाग अपने स्तर पर इस मामले की जांच कर रहा है। सोमवार को जमीन की निशानदेही करवाई जाएगी।


अपना सही जीवनसंगी चुनिए| केवल भारत मैट्रिमोनी पर- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन