हिमाचल में बर्फबारी के बाद कई क्षेत्रों में ‘ब्लैकआऊट’

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Thursday, December 14, 2017-2:11 AM

शिमला: सीजन के पहले अच्छे हिमपात के बाद प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में ब्लैकआऊट हो गया है। विद्युत लाइनों को बर्फबारी से नुक्सान होने की वजह से कई गांवों में बिजली गुल हो गई है। हालांकि कुछ स्थानों पर बुधवार को बिजली बोर्ड ने विद्युत आपूर्ति बहाल कर दी है लेकिन चम्बा, किन्नौर और लाहौल-स्पीति केकुछ क्षेत्रों में अभी बिजली गुल है। वहीं बर्फबारी के बाद शिमला के ज्यादातर क्षेत्रों में बुधवार को दिनभर बिजली की आंख-मिचौली जारी रही। इससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। सूचना के मुताबिक प्रदेशभर के 580 विद्युत वितरण उपकेंद्रों से बिजली बाधित है। 

चम्बा के 119 ट्रांसफार्मर नहीं हुए बहाल
चम्बा क्षेत्र के 119 ट्रांसफार्मरों को बहाल करना अभी बाकी है। इसी तरह किन्नौर के 17 और लाहौल-स्पीति के दर्जनों ट्रांसफार्मरों से विद्युत आपूर्ति बाधित है। राज्य विद्युत बोर्ड के उपनिदेशक (लोक संपर्क) अनुराग पराशर ने दावा किया कि जिन क्षेत्रों में बिजली की सप्लाई बहाल नहीं की जा सकी, वहां पर युद्धस्तर पर इसे बहाल करने का काम चल रहा है। विद्युत आपूर्ति को और अधिक प्रभावी बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं।

48 सड़कें अभी बाधित
बर्फबारी के कारण 48 सड़कें 24 घंटे से भी ज्यादा समय से यातायात के लिए अवरुद्ध पड़ी हैं जबकि बुधवार को 13 सड़कें खोल दी गई हैं। बंद पड़ी सड़कों में ज्यादातर सड़कें चम्बा और किन्नौर जिला में हैं। कुल्लू और शिमला जिला में भी एक दर्जन से ज्यादा सड़कें बंद बताई जा रही हैं, जबकि 20 से ज्यादा सड़कें अकेले चम्बा जिला और 17 सड़कें किन्नौर जिला की बंद हैं। लाहौल-स्पीति की ज्यादातर सड़कें 3 से 4 माह के लिए बंद हो गई हैं। चौपाल के खिड़की, रोहड़ू के खड़ापत्थरऔर नारकंडा में बुधवार सुबह के समय बर्फबारी केकारण यातायात प्रभावित रहा। लोक निर्माण विभाग के एस.ई. वर्कस एस.के. अत्री ने बताया कि बुधवार को बंद पड़ी 13 सड़कें यातायात के लिए बहाल कर दी गई हैं, जबकि 48 सड़कें अभी बंद हैं। यदि मौसम साफ रहता है तो 2 दिन के भीतर सभी बंद सड़कों को खोल दिया जाएगा। बुधवार को एच.आर.टी.सी. के 91 रूट प्रभावित रहे।

व्यवस्था बहाल करने में जुटे रहे कर्मचारी 
शिमला में बर्फबारी के कारण बंद हुई सड़कों को खोलने के लिए बुधवार सुबह से ही जिला प्रशासन ने तेजी के साथ कार्य शुरू कर दिया। अधिकतम बंद सड़कों पर स्नो कटर के माध्यम से बर्फ हटाई गई। इसके साथ ही ठंड भरे मौसम में विभिन्न विभागों के कर्मचारियों ने सड़कों पर गिरे पेड़ों को हटाने का कार्य भी शुरू कर दिया। केलांग मुख्यालय और पट्टन घाटी में बुधवार शाम तक बर्फबारी का क्रम जारी रहा। लाहौल-स्पीति के ङ्क्षडफूक गांव में बर्फीले तूफान की वजह से लोग और रैस्क्यू टीम के सदस्य भी बाहर नहीं निकल पाए। 


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